शासकीय आवास पर भारतीय संविधान के शिल्पी ‘भारत रत्न’ B. R. Ambedkar की जयंती के अवसर पर उन्हें पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई।
इस दौरान बाबा साहेब के महान योगदान को याद करते हुए उनके विचारों और आदर्शों को नमन किया गया। उनका जीवन सामाजिक समरसता, समानता और न्याय की स्थापना के लिए समर्पित रहा, जो आज भी समाज को दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।
डॉ. भीमराव अंबेडकर ने अपने जीवन में समाज के वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए संघर्ष किया और एक ऐसे संविधान की रचना की, जिसने हर नागरिक को समान अधिकार और न्याय का आधार प्रदान किया।
इस अवसर पर यह भी कहा गया कि उनके विचार सदैव एक सशक्त, समावेशी और न्यायपूर्ण समाज के निर्माण के लिए प्रेरणा देते रहेंगे।




