देहरादून, 31 जनवरी 2025: उत्तराखंड सरकार ने आगामी बजट 2025-26 को अधिक समावेशी और विकासोन्मुख बनाने के लिए “बजट पूर्व संवाद” कार्यक्रम का आयोजन किया। यह महत्वपूर्ण बैठक होटल सनराइज, देहरादून में संपन्न हुई, जिसमें विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ, उद्यमी, किसान प्रतिनिधि और नागरिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में प्रदेश के वित्त मंत्री श्री प्रेमचंद अग्रवाल ने बजट निर्माण को लेकर हितधारकों से सुझाव आमंत्रित किए, जबकि मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी की प्रेरणा से इस पहल को अंजाम दिया गया। सरकार का मुख्य उद्देश्य बजट को प्रदेश की आर्थिक मजबूती और जनकल्याण के अनुरूप तैयार करना है।
सभी वर्गों की भागीदारी पर जोर
बैठक में व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पर्यटन और औद्योगिक विकास से जुड़े लोगों ने अपनी आवश्यकताओं और सुझावों को सरकार के समक्ष रखा। वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार बजट निर्माण में जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना चाहती है ताकि यह बजट सभी वर्गों की आकांक्षाओं को पूरा कर सके।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर कहा, “हम चाहते हैं कि बजट जनसामान्य की उम्मीदों के अनुरूप हो। हमारा लक्ष्य उत्तराखंड को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से समृद्ध राज्य बनाना है, और इसके लिए जनता से जुड़े सुझाव महत्वपूर्ण हैं।”
वित्त मंत्री का आश्वासन
वित्त मंत्री श्री प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि उत्तराखंड सरकार संतुलित और विकासोन्मुख बजट लाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “हितधारकों से प्राप्त सुझावों को हम गंभीरता से लेंगे और बजट में उनका समावेश करने का पूरा प्रयास करेंगे। हमारा उद्देश्य प्रदेश को आर्थिक मजबूती देना और समग्र विकास को गति देना है।”
उत्तराखंड के विकास की नई दिशा
बैठक में उपस्थित हितधारकों ने कृषि, बुनियादी ढांचे, शिक्षा और पर्यटन को अधिक प्राथमिकता देने की मांग की। सरकार ने इस संवाद को एक सार्थक पहल बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश के आर्थिक एजेंडे को सही दिशा मिलेगी।
कार्यक्रम के अंत में सरकार ने जनता से अपील की कि वे आगे भी अपने सुझाव और विचार साझा करें ताकि उत्तराखंड को एक आर्थिक रूप से सशक्त और अग्रणी राज्य बनाया जा सके।