मसूरी/रामनगर: उत्तराखंड के मसूरी और रामनगर में धनतेरस का पर्व पूरे जोश और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। महंगाई के बावजूद सर्राफा और बर्तन बाजारों में खरीदारी करने वाले लोगों की भीड़ उमड़ रही है। बढ़ती कीमतों के बीच भी लोग अपनी परंपरागत खरीदारी करने में पीछे नहीं हैं। इस बीच, प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बनाए रखने के लिए कड़े प्रबंध किए हैं।
मसूरी में प्रशासन ने संभाला मोर्चा, पटाखा नियमों का सख्ती से पालन
मसूरी में नायब तहसीलदार कमल राठौर, अग्निशमन अधिकारी धीरज तंडियाल, पुलिस और दमकल विभाग के जवानों ने बाजार का निरीक्षण किया। नियमों का पालन करते हुए पटाखा बेचने के लिए 45 पटाखा विक्रेताओं को दिशा-निर्देश दिए गए और सड़क पर किए गए अतिक्रमण को हटाया गया।
सुरक्षा को लेकर प्रशासन मुस्तैद, दमकल विभाग ने पूरी तैयारी की
मसूरी के अग्निशमन अधिकारी धीरज तंडियाल ने बताया कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर सर्विस की तीन गाड़ियाँ 24 घंटे तैनात हैं, और 14 हाइड्रेंट भी सक्रिय स्थिति में हैं। मसूरी ट्रेडर्स एंड वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष रजत अग्रवाल ने कहा कि सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन ने यातायात और भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष प्रबंध किए हैं।
रामनगर में बर्तनों और आभूषणों की खरीदारी, ऑनलाइन शॉपिंग का दिखा असर
रामनगर में धनतेरस पर बाजारों में भारी भीड़ रही, लेकिन महंगाई और महंगे सोने-चांदी के कारण आभूषणों की खरीदारी में कमी देखी गई। सर्राफा व्यापारी अमित गोयल ने बताया कि बढ़ती कीमतों के कारण सोने-चांदी की बिक्री में गिरावट आई है। वहीं, इलेक्ट्रॉनिक सामान विक्रेता अतुल मेहरोत्रा ने ऑनलाइन शॉपिंग के बढ़ते प्रभाव पर चिंता जताई, जिससे स्थानीय व्यापार प्रभावित हो रहा है।
धनतेरस और दीपावली को लेकर पूरे राज्य में उमंग का माहौल है, लेकिन महंगाई और ऑनलाइन शॉपिंग का असर इस बार बाजारों पर साफ नजर आया।